
यमकेश्वर 30 सितम्बर
गजेंद्र सिंह
यमकेश्वर ब्लॉक के अंतर्गत माता श्याम सुंदरी मंदिर देवीडांडा में अष्टमी के अवसर पर भव्य मेले का आयोजन हुआ हजारों की तादाद में पहुंचे ग्रामीणों ने माता के मंदिर में पूजा-अर्चना की। और मंदिर में पहुंचे क्षेत्र के कई लोगों ने नवरात्र व्रत का उद्यापन माता श्याम सुंदरी और कन्याओं को भोग लगाकर किया।
साथ ही मंदिर परिसर में वर्षों से ढोल दमाऊ के साथ मंडाण का आयोजन होता है और मंडाण में नाचते समय माता कई लोगों में प्रकट होती है इस अवसर पर जिन लोगों में माता प्रकट होती है उनके द्वारा अन्य लोगों को आशीर्वाद दिया जाता है।
मान्यता के अनुसार जिन लोगों पर मंडाण के दौरान माता प्रकट होती है उन लोगों को हर वर्ष अष्टमी के मौके पर मंदिर में आकर मंडाण में भाग लेना होता है ऐसा न करने पर उनके घर में बड़ा नुकसान होता है।
मंदिर समिति के अध्यक्ष रूपचंद लखेड़ा ने बताया कि माता के मंदिर में पिंड की पूजा होती है और कहा कि मान्यता के अनुसार इस जगह में हल लगाते समय मिट्टी के नीचे से पिंड निकाला था और ग्रामीणों के सपने में माता आई और उन्होंने यहां पर मंदिर स्थापित करने को कहा जिससे यहां पर मंदिर की स्थापना हुई। और तब से लगातार अष्टमी के पर्व पर मंदिर में पूजा-अर्चना के साथ भव्य मेले का आयोजन किया जाता है।
लक्ष्मणझूला-कांडी-कोटद्वार मोटर मार्ग पर कस्याली बाजार से 10 किलोमीटर संपर्क मार्ग पर माता श्याम सुंदरी देवीडांडा का भव्य मंदिर है जहां पर हर वर्ष अष्टमी के अवसर पर भव्य मेले का आयोजन होता है और क्षेत्र के सभी ग्रामीण और प्रवासी लोग माता के दर्शन करने पहुंचते हैं।
