
यमकेश्वर 10 जुलाई
गजेंद्र सिंह
उत्तराखंड राज्य प्राथमिक शिक्षक संघ शाखा यमकेश्वर पौड़ी गढ़वाल के द्वारा शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) की अनिवार्यता और पुरानी पेंशन को लेकर खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय कांडी, यमकेश्वर में एक दिवसीय धरना प्रदर्शन किया गया जिसमें प्राथमिक शिक्षक संघ ने मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री को खंड शिक्षा अधिकारी के माध्यम से ज्ञापन भेजा। ज्ञापन में अवगत कराया की आरटीई अधिनियम 2010 के अंतर्गत प्राथमिक शिक्षक बनने के लिए टीईटी की पात्रता अनिवार्य की गई है लेकिन जिन शिक्षकों की नियुक्ति 2010 से पहले हुई है उन पर भी यह नियम लागू किया जा रहा है जिससे काफी शिक्षकों का भविष्य अंधकार में जा रहा है इस पर शिक्षक संघ शाखा यमकेश्वर के मंत्री सत्यपाल सिंह रावत ने बताया कि टीईटी की अनिवार्यता लागू होने से कई टीचरों के भविष्य पर संकट बन रहा है उन्होंने बताया कि आरटीई अधिनियम 2010 से पहले प्राइमरी शिक्षक बनने के लिए टीईटी की अनिवार्यता नहीं थी लेकिन सरकार के द्वारा यह नियम 2010 से पहले की टीचरों पर भी लागू हो रहा है जिससे कई टीचरों के प्रमोशन रुक रहे हैं जिससे उनका भविष्य अंधकार की ओर जा रहा है साथ ही शिक्षक संघ के द्वारा पुरानी पेंशन को बहाल करने की मांग की गई।
