
पौड़ी 23 मई
गजेंद्र सिंह
जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी स्वाति एस भदौरिया की अध्यक्षता में जिला कार्यालय सभागार में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) कार्यक्रम के सफल क्रियान्वयन को लेकर बीएलए-1 एवं मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम को पारदर्शी, समयबद्ध, त्रुटिरहित एवं प्रभावी ढंग से संपादित करने को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।
बैठक में बताया गया कि दिनांक 08 जून 2026 से 07 जुलाई 2026 तक बीएलओ द्वारा घर-घर जाकर गणना प्रपत्र का वितरण एवं संग्रह किया जाएगा। इस दौरान बीएलओ मतदाताओं को प्रपत्र भरने संबंधी जानकारी देंगे तथा आवश्यक सहयोग भी प्रदान करेंगे। यदि किसी घर पर ताला बंद मिलता है तो बीएलओ वहां गणना प्रपत्र छोड़ेंगे तथा संबंधित परिवार से संपर्क स्थापित करने के लिए तीन बार भ्रमण करेंगे।
जिलाधिकारी ने बताया कि बीएलओ को प्री-फिल्ड गणना प्रपत्र, रिक्त फॉर्म-6 एवं घोषणा प्रपत्र उपलब्ध कराए जाएंगे। उन्होंने कहा कि वर्तमान में जनपद के कुल 5,54,827 मतदाताओं को गणना प्रपत्र वितरित किए जाएंगे। जिन व्यक्तियों का नाम वर्तमान निर्वाचक नामावली में नहीं है, वे निर्धारित प्रक्रिया के तहत वैध दस्तावेज प्रस्तुत कर मतदाता सूची में नाम दर्ज करा सकेंगे।
बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि गणना चरण के दौरान किसी मतदाता से कोई दस्तावेज एकत्र नहीं किया जाएगा। आवश्यकता पड़ने पर बाद की प्रक्रिया में संबंधित निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी द्वारा नोटिस जारी कर दस्तावेज प्राप्त किए जाएंगे।
जिलाधिकारी ने बताया कि यदि कोई मतदाता गणना प्रपत्र जमा नहीं करता है, तो बीएलओ स्थानीय जांच एवं पूछताछ के आधार पर उसे अनुपस्थित, स्थानांतरित, मृत अथवा डुप्लीकेट श्रेणी में चिह्नित करेंगे। ऐसे मतदाताओं की सूची पंचायत भवनों, नगरीय निकाय कार्यालयों एवं मुख्य निर्वाचन अधिकारी/जिला निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट पर प्रकाशित की जाएगी।
बैठक में बताया गया कि 14 जुलाई 2026 को प्रारूप निर्वाचक नामावली का प्रकाशन किया जाएगा। इसके उपरांत 14 जुलाई 2026 से 13 अगस्त 2026 तक दावा एवं आपत्तियां प्राप्त की जाएंगी। इस अवधि में फॉर्म-6, फॉर्म-7 एवं फॉर्म-8 के माध्यम से नाम जोड़ने, संशोधन एवं विलोपन की प्रक्रिया संपादित की जाएगी। उन्होंने कहा कि जिन पात्र व्यक्तियों का नाम वर्तमान मतदाता सूची में दर्ज नहीं है अथवा किसी कारणवश हट गया है, वे निर्धारित प्रपत्र एवं घोषणा पत्र भरकर अपना नाम पुनः दर्ज करा सकते हैं। दावे एवं आपत्तियों के नियमानुसार निस्तारण के उपरांत अंतिम निर्वाचक नामावली में ऐसे मतदाताओं के नाम शामिल किए जाएंगे।
जिलाधिकारी ने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण का मुख्य उद्देश्य प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम निर्वाचक नामावली में शामिल करना तथा अपात्र, मृत, स्थानांतरित एवं डुप्लीकेट प्रविष्टियों को हटाकर मतदाता सूची को अधिक शुद्ध, अद्यतन एवं विश्वसनीय बनाना है। उन्होंने कहा कि निर्वाचन प्रक्रिया की पारदर्शिता एवं लोकतांत्रिक व्यवस्था की मजबूती के लिए मतदाता सूची का सही एवं त्रुटिरहित होना अत्यंत आवश्यक है। जिलाधिकारी ने राजनीतिक दलों से विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम को सफल बनाने में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की। उन्होंने कहा कि “कोई भी पात्र मतदाता पीछे न छूटे” के उद्देश्य को साकार करने के लिए प्रत्येक मतदेय स्थल पर बीएलओ के सहयोग हेतु बीएलए-2 की नियुक्ति अत्यंत आवश्यक है।
बैठक में जानकारी दी गई कि जनपद के कुल 945 मतदेय स्थलों के सापेक्ष इंडियन नेशनल कांग्रेस एवं भारतीय जनता पार्टी द्वारा 945-945 बीएलए-2 नियुक्त किए जा चुके हैं, जबकि बहुजन समाज पार्टी एवं सीपीआई (एम) द्वारा अभी तक बीएलए-2 नियुक्त नहीं किए गए हैं। जिलाधिकारी ने संबंधित राजनीतिक दलों से शीघ्र बीएलए-2 नियुक्तियां पूर्ण करने को कहा। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी बीएलए-2 अपने-अपने क्षेत्रों में मतदाताओं को विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम की जानकारी दें तथा बीएलओ को आवश्यक सहयोग प्रदान करें। साथ ही उन्होंने कहा कि कार्यक्रम का व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित किया जाए, ताकि कोई भी पात्र मतदाता जानकारी के अभाव में मतदाता सूची से वंचित न रह जाए।
बैठक में बताया गया कि 28 मई तक सभी तहसीलों में प्रशिक्षण कार्य पूर्ण कर लिया जाएगा। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि प्रशिक्षण कार्यक्रमों में बीएलए-2 की उपस्थिति अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए, ताकि उन्हें प्रक्रिया की संपूर्ण जानकारी प्राप्त हो सके। उन्होंने बताया कि 08 जून से 07 जुलाई 2026 तक ईआरओ स्तर पर प्रत्येक मंगलवार को बीएलए-2 के साथ समीक्षा बैठक आयोजित की जाएगी, जबकि जिला स्तर पर प्रत्येक सोमवार को बैठक कर कार्यक्रम की प्रगति की समीक्षा की जाएगी।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की समस्याएं एवं सुझाव भी सुने तथा अधिकारियों को आवश्यक समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि जिला एवं तहसील स्तर पर हेल्प डेस्क भी स्थापित किए गए हैं, जहां पोर्टल, प्रक्रिया अथवा पारदर्शिता से संबंधित समस्याओं का समाधान किया जाएगा।
बैठक में प्रभारी उप निर्वाचन अधिकारी दीक्षिता जोशी, सहायक निर्वाचक अधिकारी शांति लाल शाह, खंड शिक्षाधिकारी मास्टर आदर्श सहित राजनीतिक दलों से राजेंद्र राणा, गब्बर सिंह, महादेव प्रसाद बहुगुणा, मनमोहन सिंह, जगमोहन रावत, सुरेन्द्र सिंह रावत, पपेंद्र सिंह रावत, विपिन कुकरेती सहित अन्य प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
